कोटद्वार में स्वतंत्रता दिवस पर निकली विराट तिरंगा कार रैली ने दिया राष्ट्रवाद और विरासत संरक्षण का संदेश
एनसीपी न्यूज़। कोटद्वार। भारतीय जनता पार्टी के पूर्व जिलाध्यक्ष व प्रदेश कार्यकरणी सदस्य बीरेंद्र सिंह रावत के नेतृत्व में स्वतंत्रता दिवस के पावन अवसर पर कोटद्वार में आयोजित विराट तिरंगा कार रैली ने पूरे शहर को देशभक्ति के रंग में रंग दिया। बड़ी संख्या में कारों के काफिले के साथ निकली इस यात्रा में हाथों में लहराता तिरंगा, देशभक्ति के गीत और भारत माता के जयघोष ने वातावरण को पूरी तरह राष्ट्रभक्ति से सराबोर कर दिया।

यह भव्य यात्रा मालवीय उद्यान से प्रारंभ होकर झंडाचौक, देवी मंदिर, दुर्गापुरी और हल्दूखाता होते हुए ऐतिहासिक कण्वाश्रम पहुंचकर संपन्न हुई। कोटद्वार में इस प्रकार के विशाल कार काफिले के साथ तिरंगा यात्रा का आयोजन अपने आप में एक विशेष और यादगार अवसर रहा।
इस यात्रा का उद्देश्य केवल स्वतंत्रता दिवस का उत्सव मनाना नहीं था, बल्कि राष्ट्रवाद के साथ अपनी ऐतिहासिक और सांस्कृतिक विरासत के प्रति जिम्मेदारी का संदेश देना भी था।
इस अवसर पर बीरेंद्र रावत ने कहा कि हम सभी जानते हैं कि कण्वाश्रम केवल कोटद्वार की पहचान नहीं, बल्कि हमारी गौरवशाली ऐतिहासिक और सांस्कृतिक विरासत का महत्वपूर्ण केंद्र है। इसलिए इस तिरंगा यात्रा को कण्वाश्रम तक ले जाने के पीछे एक स्पष्ट संदेश था कि जिस प्रकार हमें अपने राष्ट्र और तिरंगे का सम्मान करना है, उसी प्रकार अपनी विरासत, संस्कृति और ऐतिहासिक धरोहरों को संजोना और आने वाली पीढ़ियों तक पहुंचाना भी हमारी जिम्मेदारी है।
तिरंगा हमारे राष्ट्र के गौरव का प्रतीक है और कण्वाश्रम हमारी सभ्यता एवं विरासत का प्रतीक। इस यात्रा के माध्यम से हमने इन दोनों भावनाओं को एक साथ जोड़ने का प्रयास किया है।
मैं इस भव्य यात्रा में प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रूप से सहभागी बने सभी युवा साथियों, मातृशक्ति, सामाजिक संगठनों, वाहन चालकों, कार्यकर्ताओं और कोटद्वार की सम्मानित जनता का हृदय से आभार व्यक्त करता हूं।
आज कोटद्वार ने एक बार फिर यह संदेश दिया है कि देशभक्ति केवल एक दिन की भावना नहीं, बल्कि हमारी जीवनशैली और हमारी जिम्मेदारी है। हमारा संकल्प है कि राष्ट्र के सम्मान के साथ-साथ कोटद्वार की ऐतिहासिक, सांस्कृतिक और प्राकृतिक विरासत के संरक्षण के लिए भी निरंतर प्रयास करते रहेंगे।
इस अफ़सर पर कार्यक्रम में राकेश राकेश देवरानी,पीयूष शुयाल, नवीन भट्ट,शांतनु रावत,मनीष शर्मा,विनोद रावत,मनोज पन्थरी,कमलेश कोटनाला,आकाश फूल,विपिन चावला,दिनेश रावत,,गुरु बच्चन सिंह,विकास कुमार,दर्शन सिंह बिष्ट,विनयपाल,दीपक कला,संदीप बिष्ट,अनिल रावत,क्षितिज अग्रवाल,अंकुर भंडारी,नीरज रावत,रुद्र प्रजापति,धीरेंद सागर,अंकित काला, सन्नी रावत,गजेंद्र रावत,हरि सिंह,नरेंद्र रावत,योगेंद्र रावत जी अनिल रावत संदीपबिष्ट, प्रवीण धस्माना ,अजय, दीपक उनियाल, विनय प्रजापति आदि लोग थे।