“अंग्रेजों भारत छोड़ो”, “अगस्त क्रांति” आंदोलन की 83वीं वर्षगांठ पर कांग्रेसियों ने स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों व राष्ट्र पिता महात्मा गांधी के चित्रों पर किये माल्यार्पण

“अंग्रेजों भारत छोड़ो”, “अगस्त क्रांति” आंदोलन की 83वीं वर्षगांठ पर कांग्रेसियों ने स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों व राष्ट्र पिता महात्मा गांधी के चित्रों पर किये माल्यार्पण

एनसीपी न्यूज़। कोटद्वार। शुक्रवार को जिला कांग्रेस कार्यालय में “अंग्रेजों भारत छोड़ो”, “अगस्त क्रांति” आंदोलन की 83वीं वर्षगांठ पर कांग्रेसियों ने स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों एवं स्वतंत्रता संग्राम के नायक राष्ट्र पिता महात्मा गांधी के चित्र पर माल्यार्पण श्रृद्धासुमन अर्पित किए, और नारेवाजी के साथ स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों को स्मरण किया।

इस अवसर पर आयोजित संगोष्ठी में वक्ताओं ने कहा कि आज ही के दिन 08 अगस्त 1942 को कांग्रेस कार्य समिति की बैठक बम्बई ग्वालिया टैंक मैदान में “अंग्रेजों भारत छोड़ो” , “अगस्त क्रांति” आंदोलन को मंजूरी दी गई। और राष्ट्रपिता महात्मा गांधी ने 09 अगस्त 1942 को पूरे देश राष्ट्रीय ध्वज फहराने का आह्वान किया और 02 क्रांति कारी स्लोगन भी दिए “करो या मरो ” एवं “हम या तो स्वतंत्रता प्राप्त करेंगे या जान देंगे” ।
इस बीच अंग्रेजी हुकूमत में 60 हजार भारतीयों को गिरफ्तार कर दिया और कुछ भारतीय गोली के शिकार हो गए। 09 अगस्त को गांधी जी के ध्वज फहराने के आह्वान को अमलीजामा पहनाते हुए तत्कालीन बंबई सिटी कांग्रेस की सचिव अरुणा आसफ अली ने ग्वालिया टैंक मैदान बंबई में तिरंगा फहरा दिया जिससे स्वतंत्रता संग्राम को नई गति प्राप्त हो गई।
इस अवसर पर रंजना रावत (पूर्व प्रदेश महामंत्री, कांग्रेस मेयर प्रत्याशी ) रमेश चंद्र खंतवाल, लक्ष्मी चौहान, शीला भारती, प्रेम सिंह पयाल (जिलाध्यक्ष शिक्षक प्रकोष्ठ ) मो.स्वाले (जिलाध्यक्ष अल्पसंख्य प्र ) कै.रणबीर सिंह रावत, गोकुल सिंह नेगी, बलबीर सिंह रावत, नसीम अहमद, महाबीर सिंह नेगी, प्रदीप नेगी, विनोद रावत, मनोज बिष्ट, पवन राजपूत, बिनोद नेगी, बीरेंद्र सिंह रावत, फहीम अहमद आदि सम्मिलित थे।

Duklan

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